जानिए PAN नंबर के पीछे का राज!


पैन कार्ड हमारी जिंदगी की हर चीज बन गई है। जिसे लोग हमेशा अपने साथ लेकर चलते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं इस पर लिखे 10 डिजिट उनको वाले नंबर का आखिर वह क्या होता है। अगर आप नहीं जानते हैं तो यह आर्टिकल आपके मतलब का है। 

पैन कार्ड हमारे डाक्यूमेंट्स का अहम हिस्सा है और यह ID यानी पहचान पत्र की तरह भी काम करता है। अगर आप Job करते हैं तो सैलरी लेने के लिए पैन कार्ड होना काफी जरूरी है। इतना ही नहीं आज के दौर में पैन कार्ड का कई तरह के वित्तीय लेनदन में इस्तेमाल किया जाता है और हम सब जानते हैं कि पैन कार्ड में जन्मतिथि के नीचे एक 10 अंकों का नंबर लिखा होता है। 


यह 10 डिजिट का अल्फान्यूमैरिक नंबर होता है। जिसे जानने को लेकर हर किसी के मन में एक साइड होती है। आगे हम बस आपको बताते हैं कि पैन कार्ड में अल्फान्यूमैरिक नंबर का इंपॉर्टेंट क्या है। और इन में किस तरह की जानकारी छिपी रहती है।

दरअसल इस अल्फाबेट सीरीज में AAA से ZZZ तक कोई भी तीन अक्षर की सीरीज हो सकती है। इसका फैसला इनकम टैक्स विभाग करता है।

और पैन कार्ड का चौथा अक्षर इनकम टैक्स पेयर केस स्टेटस को दर्शाता है। उदाहरण के लिए अगर इस पर चौथे स्थान पर P है तो इसका मतलब यह है कि यह पैन कार्ड या यह पैन नंबर किसी पर्सनल व्यक्ति का है। इसी तरह अगर कार्ड के चौथे नंबर पर F लिखा है तो इसका मतलब यह पैन नंबर किसी फर्म का है। इसी तरह C का मतलब यह किसी कंपनी का पैन नंबर है और एसोसिएशन ऑफ पीयुप्ल के लिए A का इस्तेमाल किया जाता है। इसी तरह T का इस्तेमाल किसी ट्रस्ट के लिए किया जाता है और H- हिंदू अविभाजित परिवार के लिए होता है। तो वही B- बॉडी ऑफ़ इंडिविजुअल के लिए होता है। और L- लोकल अथॉरिटी से जुड़े, आर्टिफिशियल जुडिसिअल पर्सनल के लिए J G- गवर्नमेंट और सरकार से जुड़े संस्थानों के लिए।

और पैन कार्ड के पांचेवे स्थान का नंबर पेन धारक के नाम के सरनेम का पहला अक्षर होता है। उदाहरण के लिए किसी का सरनेम सिंह या श्रीवास्तव है तो उसका पैन का पांचवा अक्षर S होगा। 

4 डिजिट का नंबर आता है जो 0001 से लेकर 9999 के बीच का कोई भी अंक हो सकता है। यह अंक इनकम टैक्स विभाग द्वारा दिया जाता है। या फिर आप यूं समझ सकते हैं कि यह कार्ड बनने की या बनते समय की सीरीज इनकम टैक्स विभाग द्वारा दी जा रही है। 

पैन कार्ड का आखरी अक्षर और डिजिट भी अंग्रेजी अल्फाबेट का होता है। लेकिन इसका कार्ड धारक के लिए कोई महत्व नहीं। हालांकि इसे यूं ही नहीं जनरेट किया जाता बल्कि एक जनगणना के बाद जनरेट किया जाता है।

इस तरह आप पैन कार्ड नंबर के पीछे छिपे राज को समझ जाए तो आप यूं ही अपना पैन कार्ड नंबर याद रख सकते हैं। इसके अलावा यदि अंग्रेजी का O और न्यूमैरिक का जीरो अगर आपके पैन नंबर में आता है और आप कंफ्यूज होते हैं तो भी आप पैन नंबर के पीछे के दर्द को जानकर आसानी से इस को याद कर पाएंगे। 






अगर यहाँ किसी भी प्रकार की गलत जानकारी हो या मिले तो पहले वेरिफिटी करे तब किसी को बताये... यहाँ पर केवल आपको हमारी तरफ से छोटी से जानकारी दी जा रही है कृपा करके आप ऑफिसियल साईट पर जरुर विजिट करेयहाँ जानकारी में कुछ कमी भी हो सकती है 
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